यह एक निजी सूचनात्मक वेबसाइट है। यह किसी भी सरकारी विभाग से संबद्ध नहीं है। आवेदन हमेशा आधिकारिक सरकारी पोर्टल से ही करें।

☀️ सोलर/ऊर्जा योजनाएं

PM-KUSUM योजना 2026

किसानों को सोलर पंप सब्सिडी — सिंचाई के लिए सौर ऊर्जा, डीजल बचत

अंतिम अपडेट: 1 जून 2026

एक नज़र में

शुरू वर्ष2019
मंत्रालयनवीन और नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय
लाभ राशिसोलर पंप पर 60-90% सब्सिडी
आधिकारिक वेबसाइटpmkusum.mnre.gov.in

योजना क्या है?

प्रधानमंत्री किसान ऊर्जा सुरक्षा एवं उत्थान महाभियान (PM-KUSUM) भारत सरकार की एक बड़ी सोलर ऊर्जा योजना है जो किसानों को सिंचाई के लिए सोलर पंप लगवाने में मदद करती है। इसे मार्च 2019 में शुरू किया गया था और 2026 तक इसकी समय सीमा कई बार बढ़ाई जा चुकी है।

PM-KUSUM योजना तीन घटकों में बंटी है: घटक A — सोलर पावर प्लांट लगाना; घटक B — स्टैंडअलोन सोलर पंप (1-10 HP); घटक C — मौजूदा डीजल/बिजली पंप को सोलर में बदलना। किसानों के लिए सबसे लोकप्रिय घटक B और C हैं।

सोलर पंप की कुल लागत पर केंद्र सरकार 30% और राज्य सरकार 30% सब्सिडी देती है — कुल 60% सब्सिडी। कुछ राज्यों में अतिरिक्त सब्सिडी से यह 90% तक पहुंच जाती है। किसान को केवल 10-40% राशि अपनी जेब से देनी होती है।

सोलर पंप से किसान डीजल का खर्च बचाते हैं — डीजल पंप में साल में ₹50,000-₹1,00,000 खर्च हो सकता है। सोलर पंप एक बार लगाने के बाद 25 साल तक बिजली मुफ्त मिलती है। बारिश के मौसम में बची बिजली ग्रिड में बेची भी जा सकती है।

2026 में PM-KUSUM की अंतिम तिथि फिर बढ़ाई गई है — किसानों को और समय मिला है आवेदन करने के लिए। राज्यवार अनुमोदित वेंडर सूची pmkusum.mnre.gov.in पर उपलब्ध है।

आवेदन राज्य के नवीकरणीय ऊर्जा विभाग या निर्धारित पोर्टल के माध्यम से होता है — केंद्रीय पोर्टल pmkusum.mnre.gov.in पर जानकारी मिलती है।

पात्रता

  • किसान जिनके पास कृषि योग्य जमीन हो
  • मौजूदा डीजल/बिजली पंप वाले (घटक C) या नए पंप के लिए (घटक B)
  • बैंक खाता और आधार
  • जमीन के मालिकाना प्रमाण
  • बिजली कनेक्शन या डीजल पंप का प्रमाण (घटक C)
  • राज्य के अनुमोदित वेंडर से ही खरीद

लाभ

  • सोलर पंप पर 60-90% सब्सिडी
  • डीजल खर्च में भारी बचत — सालाना ₹50,000+
  • 25 साल तक मुफ्त सिंचाई बिजली
  • पर्यावरण अनुकूल — स्वच्छ ऊर्जा
  • बची बिजली ग्रिड में बेची जा सकती है
  • 1 HP से 10 HP तक पंप
  • मौजूदा पंप को सोलर में बदलने की सुविधा

जरूरी दस्तावेज

  • आधार कार्ड
  • जमीन के खतौनी/खसरा
  • बैंक पासबुक
  • मौजूदा पंप का बिल/प्रमाण (घटक C)
  • पासपोर्ट साइज फोटो
  • आवेदन फॉर्म — राज्य पोर्टल से

आवेदन कैसे करें

  1. 1

    pmkusum.mnre.gov.in पर जाएं — अपने राज्य की जानकारी देखें

  2. 2

    राज्य के नवीकरणीय ऊर्जा विभाग की वेबसाइट पर आवेदन करें

  3. 3

    घटक B (नया सोलर पंप) या घटक C (डीजल बदलें) चुनें

  4. 4

    जमीन और पंप विवरण भरें

  5. 5

    अनुमोदित वेंडर सूची से वेंडर चुनें

  6. 6

    साइट सर्वे और अनुमोदन

  7. 7

    सोलर पंप इंस्टॉलेशन

  8. 8

    सब्सिडी सीधे खाते में या वेंडर को

महत्वपूर्ण तिथियां / नवीनतम अपडेट

योजना शुरूमार्च 2019
लक्ष्य30.8 GW सोलर क्षमता
2026 अपडेटअंतिम तिथि बढ़ाई गई — pmkusum.mnre.gov.in देखें
सब्सिडीकेंद्र 30% + राज्य 30% = 60% न्यूनतम

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)

PM-KUSUM में कितनी सब्सिडी मिलती है?+
केंद्र 30% + राज्य 30% = कुल 60% न्यूनतम। कुछ राज्यों में 90% तक।
कौन से किसान पात्र हैं?+
जिनके पास कृषि जमीन है और सिंचाई के लिए डीजल/बिजली पंप है या नया पंप चाहिए।
डीजल पंप को सोलर में बदल सकते हैं?+
हां, घटक C के तहत मौजूदा पंप को सोलर में बदला जा सकता है।
आवेदन कहां करें?+
राज्य के नवीकरणीय ऊर्जा विभाग की वेबसाइट — pmkusum.mnre.gov.in पर राज्य लिंक देखें।
कितने HP का पंप मिलता है?+
1 HP से 10 HP तक — जमीन और पानी की जरूरत के अनुसार।
2026 में अंतिम तिथि क्या है?+
समय-समय पर बढ़ाई जाती है — नवीनतम तिथि pmkusum.mnre.gov.in पर देखें।